![]() |
| काल्पनिक तस्वीर |
क्यों हुई बैंक हड़ताल? :
बैंक कर्मचारी संगठनों के संयुक्त मंच यूनाइटेड फोरम ऑफ बैंक यूनियंस (UFBU) के आह्वान पर यह हड़ताल की गई। कर्मचारियों की प्रमुख मांग है कि सप्ताह में पाँच कार्य दिवस (Five Day Work Week) लागू करना, ताकि शनिवार को भी पूर्ण अवकाश मिले। अभी के समय में 2रा और 4था शनिवार ही बंद रहता है। यूनियनों का कहना है कि इस मांग को लेकर कई बार बातचीत हुई, लेकिन अब तक कोई ठोस निर्णय नहीं निकल पाया, जिससे कर्मचारियों को हड़ताल का रास्ता अपनाना पड़ा।
पूर्वी चंपारण में क्या रहा हाल? :
जिले के SBI, PNB, Bank of Baroda, Union Bank, Canara Bank समेत अधिकांश सरकारी बैंक शाखाओं में कैश जमा-निकासी, चेक क्लियरेंस, पासबुक अपडेट, शाखा स्तर की ग्राहक सेवाएँ या तो पूरी तरह बंद रहीं या बेहद सीमित रहीं। सुबह से ही बैंक शाखाओं के बाहर उपभोक्ताओं की भीड़ देखी गई, लेकिन हड़ताल की सूचना मिलने पर लोगों को निराश होकर लौटना पड़ा।
निजी बैंकों में राहत :
हालांकि निजी क्षेत्र के बैंक जैसे HDFC Bank, ICICI Bank और Axis Bank की शाखाएँ सामान्य रूप से खुली रहीं, जिससे कुछ उपभोक्ताओं को राहत मिली।
डिजिटल सेवाएँ रहीं चालू :
हड़ताल के बावजूद UPI, मोबाइल और इंटरनेट बैंकिंग, NEFT / RTGS / IMPS, ATM सेवाएँ जारी रहीं। हालांकि कुछ इलाकों में ATM में नकदी की कमी की शिकायतें भी सामने आईं।
पूर्वी चंपारण में बैंक हड़ताल के कारण आम जनता, छोटे व्यापारियों और बुजुर्ग उपभोक्ताओं को सबसे अधिक परेशानी उठानी पड़ी। यदि मांगों पर सहमति नहीं बनी, तो आने वाले दिनों में बैंकिंग सेवाओं पर इसका असर और बढ़ सकता है।
ई0 एस0 वर्ल्ड जानकारी ( E. S. WORLD JNANKARI )
